आचार्य रामानंद मंडल
डॉ रमानंद झा रमण: व्यक्तित्व आ कृतित्व
चर्चित आलोचक डा रमानंद झा रमण के जन्म 02जनवरी 1949 के मधुवनी जिलांतर्गत लालगंज मे भेल हय। पिता स्वर्गीय परमानंद झा के सुपुत्र एम ए (हिंदी) आ मैथिली में पीएचडी कैले छतन। बैंक आफ इंडिया के अधिकारी पद स सेवा निवृत्त छतन। मितभाषी आ मधुरभाषी वरीय आलोचक के साहित्यिक यात्रा जुलाई 1966 मे विचार एवं चरित्र निबन्ध लेखन से भेलय।हुनकर रचना सचित्र बालमासिक मे प्रकाशित भेल हय।हुनकर प्रकाशित आलोचना पोथी निम्नलिखित हय।
१. नवीन मैथिली कविता।
२. मैथिली नव कविता।
३. मैथिली साहित्य ओ राजनीति।
४. अखियासल।
५. बेसाहल।
६. हिआओल।
७. लक्ष्मीपति सिंह,विनिबंध।
८. चितिर -बितिर।
९. बेरायल।
१०. अनुसंधाश-प्रतिमान।
११. बीज भाषण
१२. विवर्त।
डा रमण द्वारा संपादित पोथी निम्नांकित हय।
१. मैथिली आरम्भिक कथा।
२. श्यामानंद रचनावली।
३.निर्दयीसासु एवं पुनर्विवाह।
४.चेतनाथ झा कृत श्री जगन्नाथपुरी यात्रा।
५.तेजनाथ झा कृति सुरराज विजयनाटक।
६.रासबिहारी लाल दास कृत सुमति।
७.जीवछ मिश्र कृत रामेश्वर।
८.पंडित गोविंद झा: अर्चा ओ चर्चा।
९.भेंटघाट पंडित।
१०.रुचय त स्त्री ने त फूसि।
११. पुण्यानंद झा कृत मिथिला दर्पण।
१२.उग्रानंद कृत शिवगंगा, कथा संग्रह।
१३.यदुवर -रचनावली।
१४.मैथिली उपन्यास मे चित्रित समाज, चेतना समिति।
१५.विद्यापति विवरण।
१६.कविश्वर चेतना। चेतना समिति।
१७.मैथिलीक आरम्भिक यात्रा साहित्य।
१८.ग्रिअर्सनक गीत दीनाभद्री ओ गीत नेवारक अनुवाद पं गोविंद झा।
१९.ग्रिअर्सनक मैथिली व्याकरण अनुवाद पं गोविंद झा।
२०.लक्ष्मीपति सिंह रचना संचयन।
२१.चंद्रग्रहण -कांचीनाथ झा किरण।
२२.मिथिलाक विदुषी महिला -अरुंधति देवी।
२३.अगिलेसुआ कथा संग्रह -हरिनंदन ठाकुर सरोज।
२४.मणिपद्म -चेतना समिति।
२५.मैथिली लोक साहित्य एवं लोक संस्कृति -चेतना समिति।
२६.मैथिली कथा नेपाल , कथा संग्रह आफंत।
२७.लिली रे कृत कथा संग्रह -परदा.
२८.लिली रे कृत कथा संग्रह -लाली गुंरास।
२९.लिली रे कृत कथा संग्रह -विशाखन।
३०. लिली रे कृत दीर्घ कथा -नीकलोक।
३१.लिली रे कृत उपन्यास -पटाक्षेप -साहित्यिकी।
३२.लिली रे कृत उपन्यास उपसंहार।
३३.लिली रे कृत आत्मकथा -समय के पड़ैत।
३४. जीवछ मिश्रक रचनावली।
३५.आब की कविता करब हम -महावीर झा वीर।
३६.मैथिली कथा: भाषा एवं शिल्प।
३७.तेजनाथ रचनावली।
३८.विद्यापति -चेतना समिति।
३९.महाकवि लालदास:समय ओ रचना। चेतना समिति।
४०. मधुपि, चेतना समिति।
४१.महाकवि लालदास रचनावली खंड-१.
४२.हरिश्चंद्रनृत्यं -मल्लकालिन मैथिली नाटक।
४३. आधुनिक मैथिली नाट्य संचयन -साहित्य अकादमी।
४४.मैथिली कथाक धाप।
४५.सरोज रचनावली -मैथिली अकादमी।
डा रमण झा द्वारा अनुवादित पोथी निम्नलिखित हय।
१.मौलियरक दू नाटक -साहित्य अकादमी।
२.छओ बिगहा आठ कट्ठा।
३.सार्वभौम मानवाधिकार घोषणा।
४.टाकाक गाछ, भारतीय रिजर्व बैंक, पटना।
५.लखपति जी लुटेलाह, भारतीय रिजर्व बैंक, पटना।
डा रमण द्वारा संपादित पत्र पत्रिका -
१.कोषाक्षर -भारतीय रिजर्व बैंक ।
२.प्रयोजन -मैथिली मासिक पटना।
३. कथा -दिशा मैथिली कथा मासिक संपादक मंडल सदस्य।
४. घर -बाहर मैथिली त्रैमासिक, चेतना समिति।
डा रमानंद झा रमण निम्नलिखित सम्मान से सम्मानित हतन।
१.जार्ज अब्राहम ग्रियर्सन पुरस्कार -१९९५.
२.भाषा भारती सम्मान -२००४-२००५.
३.किरण पुरस्कार -२०११.
४.साहित्यिकी सम्मान।
डॉ रमानंद झा रमण के काज से मैथिली साहित्य लाभान्वित हय। परंच हासिया के मैथिली साहित्य डा झा के आलोचनात्मक दृष्टि से ओझल लगैत हय।डा झा आलोचना पोथी विवर्त मे दुसाध राजा सलहेस के जाति आ राजसत्ता पर प्रश्न ठाढ करैत छतन।न त राजा सलहेस दुसाध रहलन आ न राजा रहलन। केवल वो नाम के राजा सलहेस रहलन।डा झा एहन मत प्रकट क के मतिभ्रम तोडैत छतन कि नव मतिभ्रम पैदा करैत छतन।इ त भविष्य के गर्भ मे हय।
वर्तमान में डा झा कंकड़बाग पटना में रहैत चेतना समिति पटना से प्रकाशित घर -बाहर के संपादन करैत हतन। साहित्य अकादमी,साहित्यिकी आ चेतना समिति से प्राप्त साहित्यिक काज संपादक आ अनुवादक के रूप मे निष्पादन करैत हतन।वरीय आलोचक डा झा मितभाषी, मधुरभाषी आ गंभीर व्यक्तित्व के रुप मे जानल जायत छतन।हिनकर व्यक्तित्व आ कृतित्व मिथिला मैथिली के साहित्यिक इतिहास में स्वर्णाकित रहत।