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हितनाथ झा- मैथिली साहित्यमे तारानाथ झा एवं हुनक परिवारक योगदान-१३

हितनाथ झा

(मैथिलीमे ग्रामगाथा विधाकेँ नव जीवन देनिहार, पाठकीय विधाक अगुआ। संपर्क-9430743070)

'प्रभात'मे प्रकाशित समाचार

प्रसिद्ध आलोचक मोहन भारद्वाज 'प्रभात' (1933-1934)क प्रसंगमे भाव-चित्र, व्यंग्य-चित्र, स्थायी स्तम्भ, समाचार, खेल-समाचार आदिक विषयमे तत्कालीन विभिन्न पत्रिकाक तुलनात्मक विश्लेषण करैत छथि, तँ हुनक दृष्टि निम्नलिखित विन्दुपर पड़ैत छनि - "प्रकाशनक दृष्टिएँ यद्यपि प्रभात मिथिला तथा विभूतिक मध्यवर्ती छल, तथापि संयोजनक आधारपर बहुतो अंशमे दुनूसँ लग छल। भाव-चित्त आ व्यंग्य-चित्र मिथिला तथा प्रभात दुनूमे रहैत छल, किन्तु प्रभात जेँ हस्तलिखित पत्रिका छल तेँ एकर बहुरंगी आ श्वेत-श्याम, चित्रक अनगढ़ आकर्षण बेसी गाढ़ अछि। मुख-पृष्ठक आ किछु अन्य महत्वपूर्ण रचनावला पृष्ठक कलात्मक प्रस्तुतियो दर्शनीय अछि। विभूतिमे स्तम्भक संख्या भने बेसी हो, मुदा प्रभातमे स्तम्भक उपयोग जतेक सुविचारित ढंगसँ कयल जाइत छल ततेक विभूतिमे नहि। जेना समाचार नामक स्तम्भ। सम्वाददातासँ प्राप्त समाचारक संकलन-प्रकाशन आनुषंगिक रूपमे नहि, स्वतन्त्र रूपमे कयल जाइत छल। विभूतिमे देश-दर्शन नामक स्तम्भ एहि क्रममे प्रकाशित होइत छल, किन्तु प्रभातक समाचारमे सामाजिक घटनाक प्रमुखता रहैत छल तँ विभूतिक ' देश-दर्शन'मे राजनीतिक घटना- चक्रक। एकर अतिरिक्त प्रभात प्रायः पहिल पत्रिका छल जे खेल-समाचार प्रकाशित कयलक। एहिसँ पूर्व खेल-जगतकेँ मैथिलीक पत्रिकामे स्थान नहि भेटल रहैक। ई तथ्य अत्यन्त महत्वपूर्ण थिक। एहिसँ मिथिला, मिथिला मिहिर, विभूति आदि पत्रिकासँ प्रभातक चारित्रिक भिन्नता स्पष्ट होइत अछि। ओ सभ पत्रिका मुद्रित छल, प्रभात हस्तलिखित- ई पार्थक्य ओतेक उल्लेखनीय नहि अछि जतेक ई जे आन पत्रिका सभ जतs स्थापित साहित्यकार आ समाजक मठोमाठ व्यक्तिसभहक मानसिक व्यापारक देन छल ततs प्रभात मिथिलाक युवा-तूरक सोच-विचार आ व्यवहार-मर्यादाक प्रवक्ता बनि कs आयल छल।"

निज संवाददाता द्वारा समाचार मैथिली तथा हिन्दी दुनू भाषामे अछि। हम एहिठाम मैथिली भाषाक किछु समाचार प्रस्तुत क' रहल छी। आनो विषय-वस्तु ल'' पहिनहुँ जे प्रस्तुत कयने छी, ओहो मात्र मैथिली भाषाक। हिन्दीमे प्रकाशित समाचार जखन हिन्दीक अन्यान्य विषयक प्रस्तुत करब, तखन हिन्दियोक समाचारसँ तत्कालीन समाजक नीक-बेजाय समाचारसँ अवगत करायब।

01. अंक-08,अगस्त-1933 (निज संवाददाता द्वारा)

कोइलख-तारीख ६ जुलाईक कोइलख पछबारि टोल निवासी श्री कृष्णानन्द झाक असामयिक एकाएक मृत्युसँ कोइलख जनसमुदाय अत्यन्त दुःखित अछि। अफवाह ई अछि जे गत बुधक राति, निद्रित अवस्थामे साँप काटि लेलकैन्हि, परन्तु अधिकांश मति एहि बात केँ निर्मूल करैक साथ२ जोड़ दै छथि जे हिनका कोनो आकस्मिक भयानक दुःख आक्रमण कयलकैन्हि। विश्वस्त सूत्रसँ ज्ञात भेल अछि जे ता.१७जुलाईक महाराजाधिराज, दरभंगा श्रीनगर(पूर्णिया जिला) ड्यौढ़ीमे जा करीब ४ घण्टा सुशोभित कयने छलाह।

एहि वर्ष संस्कृत प्रथमा परीक्षामे स्थानीय आद्यासदन संस्कृत पाठशालासँ श्री तेज नारायण झा (गुरू, लो.प्रा.स्कूल कोइलख) तथा महेन्द्र नाथ झा (बेटा, काशीनाथ झा उ.उग्रसेन) सम्मिलित भेल छलाह। दुनू गोटे परीक्षोतीर्ण भेलाह।

गत १५ जुलाईक खनगाँव टीम तथा पंडौल टीमके मैच सम्भावी छलैक। जाहिमे खनगाँव टीम कोइलख टीमसँ चारि प्लेयर बोरो कय क' पंडौल लय गेल। पंडौल टीमक प्लेयर डरि जयबाक कारण, मैच खेलायब, घुमा फिरा अस्वीकार कयलकैन्हि।

कोइलखक श्री काशीनाथ झा उर्फ उग्रसेन के श्री रघुवंश चौधरीक वंशजक किछु जमीन देल करीब पच्चास साठि वर्षसँ अधिकारमे चल अबै छैन्हि। किछु दिन पूर्व ओहि जमीन के दक्षिण वारि टोल निवासी श्री यशोधर मिश्र ( जनिका नामसँ सर्वे भेल छैन्हि तिनकासँ कैवाला लेलैन्हि। तदनन्तर ई अफवाह उड़लैक जे श्री यशोधर मिश्र ओहि जमीन केँ आबाद करक हेतु उद्यत छथि। अतएब काशीनाथ झा सावधान भय अर्थात करीब तीस,चालीस हथियार बन्द आदमी के सङ्ग खेत जा ता.२५ जुलाई क' निर्विघ्न आबाद कयलैन्हि।

ता. १५ जुलाई क श्री कार्तिकेय झा उर्फ घुल्ली बाबू केँ बाँसीक रघु बाबू सँ २ बाजी सतरंजक खेल भेल छल।श्री घुल्ली बाबू दुनू बाजी जितलाह।

विरौलक समीप एक बाँध छैक, जेकरा कटि गेलासँ विशेष वर्षा भेलापर तथा बाढ़ि अयला सँ बाँध सँ दक्षिण तरफक जायदात बहुत नष्ट भय जयबाक सम्भावना भय जाइ छैक तथा उत्तर तरफक जायदात के सावकाश भय जाइत छैक। गत बाढ़िमे विरौलक सत्यदेव झाक सहायता सँ बाँधक रक्षार्थ दिनराति पहरा पड़ै छल, परञ्च ता.७जुलाई क रातिमे भगवतीपूरक महावीर नायकक सहायता सँ किछु हँसेरी लाठी गड़ास लय ओहि बाँधकेँ जबरदस्ती काटि देलकैक। बाँध कटबाक काल मुठभेड़ो भय गेलैक जाहिमे रोक' वला दिससँ ३गोटे केँ और काट' वला दिससँ १ गोटा केँ मारि लगलैक। मारि होयबासँ पूर्व ओत' विदेशिया नाच भ' रहल छल। ई विषय सरकारमे दाखिल भेल अछि।देखक चाही- की होइ छैक।

02.अंक~, सितम्बर-१९३३(निज सम्वाददाता द्वारा)

कोइलख-गत १० अगस्त क ५।। बजे सायंकाल सँ पंडौलक फुटबॉल मैदानमे रामपट्टीक टीमकेँ पंडौल टीमक साथ फुटबॉलक खेल प्रारम्भ भेल। पंडौलक टीमक तरफ सँ दू साहेब वहादुर नालदार अंगरेजी जूता पहिरने खेलाइ छलाह। खेल प्रारम्भ होइतहि रामपट्टीक प्लेयर के मुक्का-थापर ठेलमठेलाक त' कथे कोन, जूताक नालौक अकारण विदाइ प्राप्त होम लगलैन्हि। क्रमशः एतेक तक बढ़ि गेल जे दर्शको के मुठ-भेड़ भय गेल जेकर फलस्वरूप दस मिनट पूर्वहि खेल समाप्त कय देल गेल। रामपट्टीक खेल उत्तम रहलहुँ सन्ता एक गोल कयलो पर दू गोल सँ हारि गेलाह। रामपट्टीक सहायताक हेतु तीन प्लेयर कोइलखौक छलाह।

कोइलख-ता.२१.८.३३ में प्रातः कालहि सँ मूसलाधार वर्षा भय रहल छल।सूर्य्य-ग्रहण देखबाक ककरो आशा नहि होइ छल। परञ्च करीब १०बजे मूसलाधार वर्षा झीसी रूपमे परिणित भय गेल।करीब११॥ बजे झीसी होइतहुँ अर्ध सूर्य्य दृष्टि-गोचर होम लगलाह। झीसी उग्रास्त समय तक होइतहि छल तथापि सूर्य्यक वृद्धि समय२पर साफ२देख में अबै छलैक। ठीक १२ बाजि क२४ मिनट पर उग्रास्त भय गेल। ताहिसँ अनुभव कयल जाइछ जे नियमित समयसँ ग्रहण लागव प्रारम्भ भेल।

ता. १ अगस्तक श्री खर्गनाथ झा उर्फ नूनू बाबूक माय सदाक हेतु एहि संसार सँ विदा भय गेलीह।श्राद्ध कर्म्म समयानुसार उत्तमे कहक चाही।

बुधवार तदनुसार ता.।२३ अगस्तक ७१ वर्षक अवस्था मे गोखुल ठाकुर के ज्ञान पुरस्सर मृत्यु भय गेलैन्हि।

03. अंक~१०, अक्टूबर~१९३३

कोइलख-स्थानीय कुजर टोली मे मोखतब स्कूल खुजलै, देखा चाही एकर आयु कतेक छैक।

दसमीक उत्सव श्री १०८ भद्रकालीक स्थानमे शान्ति पूर्वक समाप्त भय गेल। सिरियापुर,हिसार तथा गामक विदेशिया नाच सभक मनकेँ प्रफुल्लित करैत छल।

ता.२२ सितम्बरक निशाभाग रात्रिमे श्री अच्युतानंद झा क घरमे चोरि भेल।दू टा पैघ२ सेंध पड़ल छल।घरबैया के जागि जयबाक कारण चोरक सिनवारि तथा अंगपोछा अगुताइमे छुटि गेलैक, जे दोसर दिन प्रातःकाल थाना पहुँचावल गेल।

04. अंक~ ११,नवम्बर१९३३

कोइलख-ता.१९.१०.३३ ई.क प्रायः प्रत्येक टोलमे गोक्रीड़ा भेल।पुबारि टोलमे चारि सूअर मारल गेल। विश्वस्त सूत्रसँ ज्ञात भेल जे भटसीमरि मे एक दिन बाद अर्थात २० अक्टूबर क गो क्रीड़ा भेल।

05.अंक~१२, दिसम्बर~१९३३

ता.८ नवम्बरक निशाभाग रात्रिमे मौजे कोइलख, टोल कजियानाक सनीर मियाँ परसा सँ पच्छिम कैथाहीक रास्तामे गुंडा द्वारा मारि देल गेल। पुलिस गुंडाक पता लगा रहल अछि।जेकर फलस्वरूप एखन तक परसाक पाँच राजपूत ( ) सन्देहक कारण गिरफ्तार भय हाजतमे राखल गेल छल।जमानत भेलो पर पुनः मजिस्ट्रेट द्वारा अस्वीकार कय देल गेल। एहि मृत्युसँ मुस्लिम समाज तथा परसाक राजपूतमे पूर्ण हाहाकार मचि रहल अछि।देखा चाही एकर परिणाम कहाँ तक की होइत छैक।

श्री ५ मती रानी चन्द्रावती साहिबाक अपन नैहर (कोइलख) प्रति उदारताक फलस्वरूप एक सामेना और दू फर्द सतरंजी दय असीम यश के प्राप्त कयलैन्हि अछि। एहि समाजमे एकर पूर्ण अभाव छल। उपर्युक्त वस्तु श्री इन्द्रनाथ झाक संरक्षणमे राखल गेल अछि। विश्वस्त रूपसँ ज्ञात भेल अछि जे श्रीमती रानी साहिबाक कृपा सँ एक टा क्रिश्चियन लाइट मासाभ्यंतरे आबि जायत।

श्री हृषिकेश झा उर्फ बचाइ करीब डेढ़ माससँ ज्वर एवं यक्ष्मा रोगसँ क्लेशित छथि। एहिसँ कोइलख निवासी विशेष कय युवक संघक सदस्य अत्यंत व्याकुल छथि।कारण ई, संघ एवं प्रभातक प्रति जे सहानुभूति दर्शउने छथि से अकथनीय अछि। एहि निमित्त युवक वृन्द श्री १०८ जगज्जननी भद्रकालीसँ प्रार्थना करै अछि जे हिनका शीघ्र आरोग्य कय देथिन।

रामपट्टी- ता.२ नवम्बरक कार्तिक पूर्णिमाक उपलक्ष्यमे कमला कातमे अन्य वर्ष जेकाँ पुनः मेला भेल।यद्यपि अन्य वर्षक अपेक्षा लोक कम छल।किन्तु जूआक खेल एहि वर्ष अन्य वर्षक अपेक्षा कहीं अधिक छल।जूआक खेलमे मधुबनी तथा अन्य २ स्थानक प्रसिद्ध२सेठ-साहूकार सभ सम्मिलित छलाह।

06 अंक १, जनवरी१९३४

कोइलख- स्थानीय चन्द्रानंद फ्री एम.ई.स्कूलक फोर्थ पण्डित बाबू सहदेव झा गुरू-ट्रेनिंग करबाक हेतु घोघरडीहा गुरू ट्रेनिंग स्कूल गेलाह अछि।

कोइलख- चन्द्रानंद फ्री एम.ई. स्कूलक सातवाँ श्रेणीक २५ विद्यार्थी मधुबनी केन्द्र सँ परीक्षामे सम्मिलित भेल छलाह, जाहिमे २१ विद्यार्थी परीक्षोतीर्ण भेलाह।

यमसम- ता. २२ दिसम्बर १९३३क प. गोपीनाथ झा उर्फ लुचाइ झा करीब ७२ वर्षक अवस्थामे सदाक हेतु एहि असार संसारसँ विदा भय गेलाह। गत तीन वर्ष सँ लकबा व्याधि सँ ग्रसित छलाह। श्राद्ध कर्म्म उत्तम रूपें कयल गेलैन्हि। ई पंजिकारी परीक्षामे महाराजाक घरसँ दोशाला प्राप्त कयने छलाह।पांजीक विषयमे हिनक जे विद्वत्ता छलैन्हि से अकथनीय अछि। पैघ२ पंजिकारो हिनक प्रशंसा करबामे तिलमात्रो संकोच नहि करैत छथि। करीब ४ वर्ष पूर्व प. उमा झा ककरौड़क मृत्यु भेलापर स्वयं महाराज रामेश्वर सिंह वहादुर अनेक पंजिकारक आवेदन पत्रकेँ अस्वीकृत कय हिनका सर्वप्रधान महाराजी पंजिकारक पद प्रदान कय गौरवान्वित भेल छलाह। एतबै नहि, भौरागढ़ीक दरबार मध्य छोटा लाट साहेब हाथ मिलौने छलथीन्ह। एहेन विद्वानक मृत्युसँ मैथिल समाज अत्यन्त शोकाकुल भय गेल अछि और ईश्वरसँ प्रार्थना करै अछि जे हिनक आत्मा के शान्ति प्रदान करथि।

अंक~,अप्रैल१९३४

मधुबनी- ता.८ मार्च केँ बिहार रत्न बाबू राजेन्द्र प्रसाद जी मधुबनी, राजनगर तथा जयनगरक निरीक्षण कयलैन्ह।

कोइलख- ता.८-३-३४ ई.क सायंकाल स्थानीय लो.प्रा.स्कूलक अंगनइमे गौआँक एक सार्वजनिक बैठक भेल। जाहिमे निश्चय भेल जे प्रत्येक टोल सँ दस२ रुपैया दय भूकम्पसँ नष्ट भेल मकानक स्थानपर पुनः संस्कृत पाठशाला और लो.प्रा. स्कूलक एक मकान बनाओल जाय।

कोइलख- ता.९ मार्च सँ श्री तारानाथ झाक अध्यक्षतामे युवक संघक तरफ सँ मुफ्त दवा वितरण कयल जाइत अछि। कोइलखक अतिरिक्त अनेक समीपस्थ गामोक जनता मुफ्त दवा लय लाभ उठा रहल छथि।

कोइलख- ता. १२-३-३४ ई.क राजग्रामक श्री जय नारायण सिंह ठाकुरक योग्य बालक श्री अयोध्यानाथ सिंह ठाकुरक शुभ विवाह कोइलखक गीतादत्त झाक कन्याक संग समारोहक साथ सानन्द समाप्त भय गेल। एहि शुभ विवाह सँ कोइलख निवासी अत्यन्त प्रफुल्लित अछि।

कोइलख- १२-३-३४क प्रातःकाल मधुबनीक मजिस्टर और सब डिप्युटी मजिस्टर कोइलखक भूकम्प-पीड़ित -मनुष्यक मकान के स्वयं निरीक्षण कय स्थानीय चन्द्रानंद फ्री.एम.ई.स्कूलक मैदानमे करीब ४००/-रुपैया खैरात प्रदान कयलैन्ह और कर्जा लेम वलाक नाम लिखि जनता के पूर्ण आश्वासन दैत मधुबनीक लेल प्रस्थान कयलैन्ह।

कोइलख- १३-३-३४क मधुबनीक पुलिस सब इंस्पेक्टर कोइलखक खराब-खराब इनार तथा बालुकामय भूमिक निरीक्षण कयलैन्ह। गौआँकेँ अनेक सहायताक वचन दय गेलाह। जेकर फलस्वरूप एक इनार साफ होयब प्रारम्भो भेल परन्तु सेहो पूर्ण रूपे साफ नहि भय सकल।

कोइलख- सब डिविजनल-सेन्ट्रल-रिलीफ कमिटीक तरफसँ ४ कूआँ साफक हेतु हाथ लागल। किन्तु कोनो२ तरहसँ केवल २ कूआँक जल लोगक व्यवहारमे आबि रहल अछि।

कोइलख- ता.२१ मार्च मे शिक्षा विभागक डिस्ट्रिक्ट इंस्पेक्टर स्थानीय चन्द्रानंद फ्री. एम.ई.स्कूलक निरीक्षण कयलैन्ह। स्कूलक कार्य्यवाही देखि पूर्ण प्रसन्न भेलाह।

कोइलख- श्री भरथू झा वैद्य कैक सप्ताह पूर्व सँ घरक भीत देअबै छथि।ओहि घरक माटिक नीचाँ अखन तक तीन मनुष्यक सम्पूर्ण अवयवक हड्डी उखड़लैक अछि। चिरकाल पूर्व ओ स्थान मुसलमानक गोरि अथवा की छलैक ? तकर पता नहि।लगैछ।

ता. ११ मार्चक सब डिविजनल सेन्ट्रल रिलीफ कमिटीक अध्यक्ष के कोइलखक कुसियार पेरबाक या जोखेबाक प्रबन्ध करबाक हेतु युवक संघक तरफ सँ लिखल गेलैन्ह।

मद्रास निवासी डॉक्टर महाजनी के खैरातक हेतु किछु दवा संघमे प्रेषित कय देवाक हेतु युवक संघक तरफसँ लिखल गेलैन्ह। डॉक्टर महाजनीक प्रथम पत्र आशा जनक देखि पुनः संघक तरफसँ दवाक लिस्ट पठावल गेलैन्ह। तेकर उत्तर निराशाजनक प्राप्त भेल।

मधुबनीमे कलकत्तासँ नवीन आगन्तुक रिलीफ कमिटीक अध्यक्ष के युवक संघक तरफसँ कोइलखक भूकम्प-पीड़ित मनुष्यक दुःख निवारण करबाक हेतु निवेदन कयल गेलैन्ह अछि। देखा चाही, एहि दिश किछुओ ध्यान दै छथि वा नहि ?

लो. प्रा. स्कूल और संस्कृत पाठशालाक मकानक सहायताक हेतु मजिस्टर, पुलिस सब इंस्पेक्टर कांग्रेस कमिटीक अध्यक्ष एवं कइएक संस्थाक अध्यक्षक सेवामे संघक तरफसँ निवेदन कयल गेलैन्ह अछि।

युवक संघक आवेदन पत्र पर सेन्ट्रल रिलीफ कमिटीक राजनगर केन्द्र सँ कोइलख रामपट्टी केन्द्रमे आबि गेल।

विगत रूपसँ पता चलल जे गत १० मार्चक रातिमे मौजे महिनाथपुरमे शोणित जकाँ लाल पानिक वर्षा भेलै। हप्तो व्यतीत भेलापर मकानमे लाल२ दाग दृष्टिगोचर होइते छैक।

ता.३० मार्चक सायंकाल हरिपुरक श्री परमानन्द झाक दू बालकक सिद्धान्त कोइलखक श्री गोवर्धन झाक दुनू कन्याक प्रसंग बड़गोरियाक गाछीमे भय गेल।

मधुबनी- ता. ३१-३ ३४ ई.क ५ बजे सायंकाल सँ स्वराज्याश्रम सँ पूव वला मैदानमे करीब २० मिनट तक महात्मा गाँधीक प्रभावशाली व्याख्यान भेल। एहि सार्वजनिक सभामे करीब ३०-४० हजार जनता इकत्रित छल। सभाक समयमे सनातनधर्मावलम्बी महात्मा गाँधी के कारी झंडा देखबैत नाना प्रकारक हल्ला-गुल्ला मचबैत छलाह।

(आगाँ अंकक संचार क्रमशः अग्रिम अंकमे)

उपर्युक्त समाचारक अवलोकन कयलापर तत्कालीन समाज विशेषतः कोइलख गामक वैयक्तिक, सामाजिक, शैक्षणिक, आर्थिक,धार्मिक इत्यादि विषयक सोच प्रतीत होइत अछि। युवक संघक कार्यप्रणालीक दर्शन होइत अछि। गामक चन्द्रानंद फ्री इंग्लिश मिड्ल स्कूल,लोअर प्राइमरी स्कूल, संस्कृत पाठशाला, मुसलमानक एक स्कूल खुजबाक समाचार, हरिजन विद्यालय आदिक विषयमे समाचार अछि। उपर्यक्त समाचार मे दू अंकक समाचार १९३४ई.क भूकम्पक बादक अछि, जाहिमे गामक निवासी एवं युवक संघक सक्रियता स्पष्ट देखाइत अछि। युवक संघक एक सदस्यक बीमारीसँ चिन्तित होयबाक समाचार सेहो मानवीय संवेदनाक झलक देखबैत अछि। खेल समाचारमे फुटबॉल एवं सतरंजक विषयमे अछि। प्रत्येक समाचार निज सम्वाददाता द्वारा देल गेल आ 'प्रभात'क सम्पादक तारानाथ झाक हाथसँ लिखल अछि। सभ वर्गक समाचार समावेश कयल गेल अछि। डा. राजेन्द्र प्रसादक भाषण एवं गाँधीजीक सभामे सनातनधर्मावलम्बीद्वारा हो-हल्ला एवं कारी झण्डा देखेबाक सेहो समाचार अछि। जतय एक दिस दवाइ वितरणक समाचार अछि तँ दोसर दिस सरकारक सक्रियताक समाचार सेहो प्रमुखता सँ देखाओल गेल अछि। सरकारक कमीक दिस सेहो ध्यानाकर्षित कैल गेल अछि।

संपादकीय सूचना-एहि सिरीजक पुरान क्रम एहि लिंकपर जा कऽ पढ़ि सकैत छी-

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